Noida किसानों की समस्याओं को लेकर बीकेयू भारतीय किसान यूनियन (भानु)का प्रदर्शन, एसीईओ वंदना त्रिपाठी को सौंपा ज्ञापन

भारतीय किसान यूनियन (भानु)

Noida भारतीय किसान यूनियन (भानु) के पदाधिकारियों एवं किसानों ने अपनी विभिन्न समस्याओं को लेकर नोएडा प्राधिकरण की एसीईओ वंदना त्रिपाठी को ज्ञापन सौंपा। किसानों ने वर्क सर्किल-10 के जेई सुनील सिंह पर आरोप लगाया कि वह किसानों से अवैध रूप से धन वसूलता है, जिसकी शिकायत भी एसीईओ से की गई।

बीकेयू भानु के नोएडा अध्यक्ष राजवीर मुखिया ने कहा कि नोएडा की स्थापना के 49 वर्ष बाद भी किसानों की समस्याओं का गंभीरता से समाधान नहीं किया गया है। उन्होंने बताया कि उनके गांव आगाहपुर में श्मशान घाट का अभाव है, सीवर ओवरफ्लो की समस्या बनी रहती है और एलिवेटेड रोड के नीचे स्थित बारातघर के लिए पार्किंग की सुविधा नहीं है। उन्होंने इन मूलभूत समस्याओं के समाधान की मांग की।

वरिष्ठ प्रदेश उपाध्यक्ष एवं मीडिया प्रभारी सुभाष भाटी (शाहदरा) ने कहा कि किसान लगातार अपनी मांगों को लेकर आंदोलन करते रहे हैं। उन्होंने आरोप लगाया कि नोएडा प्राधिकरण ने बिना सर्वे के आबादी क्षेत्रों का भी अधिग्रहण कर लिया और पीपी एक्ट के तहत हजारों मुकदमे दर्ज कर दिए गए हैं। उन्होंने इन मुकदमों को वापस लेने और जिन किसानों ने 100 प्रतिशत मुआवजा लिया है, उनसे 10 प्रतिशत राशि वापस जमा कराने की मांग की।

Noida किसानों की समस्याओं को लेकर बीकेयू भारतीय किसान यूनियन (भानु)का प्रदर्शन, एसीईओ वंदना त्रिपाठी को सौंपा ज्ञापन
Noida किसानों की समस्याओं को लेकर बीकेयू भारतीय किसान यूनियन (भानु)का प्रदर्शन, एसीईओ वंदना त्रिपाठी को सौंपा ज्ञापन

प्रेम सिंह भाटी ने कहा कि आबादी क्षेत्रों को “जहां है, जैसी है” के आधार पर छोड़ा जाए। उन्होंने बताया कि 1997 से पहले किसानों को 5 प्रतिशत प्लॉट नहीं दिए गए थे और वर्तमान में भी कई पात्र किसान आवासीय योजनाओं के लाभ से वंचित हैं। उन्होंने आवासीय एवं औद्योगिक प्लॉट योजनाओं में किसानों का आरक्षण जारी रखने की मांग की।

किसानों ने यह भी मांग उठाई कि 5 प्रतिशत प्लॉट धारकों को अतिक्रमण बताकर वंचित न किया जाए, बल्कि सभी पात्र किसानों को प्लॉट आवंटित किए जाएं। हाईकोर्ट और सुप्रीम कोर्ट के आदेशों को आधार बनाते हुए 10 प्रतिशत अतिरिक्त प्लॉट देने की मांग भी रखी गई। साथ ही 5 प्रतिशत प्लॉटों में व्यावसायिक उपयोग की अनुमति देने और गांवों का विकास शहरों की तर्ज पर करने की बात कही गई।

इसके अलावा किसानों ने निजी संस्थानों एवं स्कूलों में स्थानीय युवाओं के लिए कम से कम 25 प्रतिशत रोजगार आरक्षण सुनिश्चित करने की मांग की। गांवों में बढ़ती आबादी के कारण जाम हो चुकी सीवर लाइनों को बदलकर नई और बड़ी पाइपलाइन डालने की आवश्यकता भी बताई गई।किसानों ने कहा कि भानु गुट इन सभी मांगों को लेकर गंभीर है और जल्द ही समाधान की अपेक्षा करता है। एसीईओ वंदना त्रिपाठी के साथ हुई वार्ता सकारात्मक रही, जिसमें उन्होंने किसानों की समस्याओं को गंभीरता से सुनते हुए शीघ्र समाधान का आश्वासन दिया।

इस दौरान प्रेम सिंह भाटी, सुभाष भाटी, श्याम दीक्षित, कर्मवीर बैंसला, ऋषि अवाना, के.एल. अवाना, किट्टी प्रधान, चंद्रपाल, सोनू अवाना, ओमी प्रधान सहित कई किसान उपस्थित रहे।

ये भी पढ़ें…….

हमारे दूसरे प्लेटफॉर्म्स से जुड़ें…..

 

 

Related posts

Leave a Comment