ग्रेटर नोएडा में (IT) आईटी निवेश को पंख लगाने की तैयारी, प्राधिकरण ने कंपनियों से सीधे संपर्क कर जानी जमीनी हकीकत

IT

ग्रेटर नोएडा में (IT) आईटी निवेश को पंख लगाने की तैयारी, प्राधिकरण ने कंपनियों से सीधे संपर्क कर जानी जमीनी हकीकत

ग्रेटर नोएडा, 04 फरवरी 2026:

उत्तर प्रदेश के प्रमुख औद्योगिक केंद्र ग्रेटर नोएडा को अब वैश्विक आईटी हब (Global IT Hub) के रूप में विकसित करने के लिए ग्रेटर नोएडा प्राधिकरण (Greater Noida Authority – GNIDA) ने एक बेहद खास और प्रभावी पहल शुरू की है। प्राधिकरण की एक विशेष टीम अब सीधे आईटी कंपनियों और आवंटियों से संपर्क साध रही है, ताकि निवेश की राह में आने वाली बाधाओं को जड़ से खत्म किया जा सके। इस रणनीति के पीछे मुख्य उद्देश्य आईटी सेक्टर (IT Sector) की अड़चनों को समझना और निवेशकों के सुझावों के आधार पर भविष्य की योजनाओं को तैयार करना है।

IT

शीर्ष अधिकारियों ने किया कंपनियों का दौरा (Visit by Senior Officials)

ग्रेटर नोएडा प्राधिकरण (Greater Noida Authority) के सीईओ एनजी रवि कुमार के कड़े निर्देशों के बाद प्राधिकरण के वरिष्ठ अधिकारी स्वयं मैदान में उतर आए हैं। हाल ही में एसीईओ सुनील कुमार सिंह और एसीईओ प्रेरणा सिंह ने टेकजोन-4 स्थित 5 प्रमुख आईटी कंपनियों—ओसियन इंफ्रा हाइट्स, एसपीआई आईटी, एडवांस कंप्यूसॉफ्ट, अर्था इंफ्राटेक और भूटानी आईटी पार्क का विस्तृत दौरा किया।

इस भ्रमण के दौरान अधिकारियों ने कंपनियों के प्रबंधन (Company Management) के साथ गहन विचार-विमर्श किया। चर्चा का मुख्य केंद्र बिंदु यह था कि आईटी सेक्टर (IT Sector) को मजबूती देने के लिए प्राधिकरण की भूखंड आवंटन शर्तों (Land Allotment Conditions) में क्या सुधार किए जाने चाहिए और उद्यम शुरू करने में निवेशकों को किन व्यावहारिक चुनौतियों का सामना करना पड़ रहा है।

आईटी स्कीम लाने से पहले निवेशकों का फीडबैक (Feedback before IT Scheme Launch)

ग्रेटर नोएडा प्राधिकरण (Greater Noida Authority) जल्द ही नई आईटी भूखंड योजना (New IT Land Scheme) लाने की तैयारी में है। हालांकि, सीईओ एनजी रवि कुमार की मंशा है कि यह योजना केवल कागजों पर न बने, बल्कि निवेशकों की वास्तविक जरूरतों को पूरा करे। प्राधिकरण की टीम यह पता लगा रही है कि वर्तमान में किस कैटेगरी के आईटी वर्क (IT Work Categories) का स्कोप सबसे अधिक है, ताकि उसी के अनुरूप इंफ्रास्ट्रक्चर विकसित किया जा सके।

IT

ग्रेटर नोएडा में बुनियादी ढांचे (Infrastructure) की कोई कमी नहीं है और जल्द शुरू होने वाला नोएडा इंटरनेशनल एयरपोर्ट (Noida International Airport) इस क्षेत्र की कनेक्टिविटी को चार चांद लगा देगा। इन्ही संभावनाओं को देखते हुए प्राधिकरण चाहता है कि पुरानी और नई कंपनियों के सुझावों को एकत्र कर शासन और बोर्ड के समक्ष रखा जाए।

नीतियों में बदलाव का आश्वासन (Assurance of Policy Changes)

एसीईओ सुनील कुमार सिंह ने स्पष्ट किया कि आईटी सेक्टर (IT Sector) को बढ़ावा देने के लिए प्राधिकरण हर संभव कदम उठाने के लिए प्रतिबद्ध है। कंपनियों से प्राप्त सुझावों को उच्च अधिकारियों और उत्तर प्रदेश शासन (UP Government) के सामने रखा जाएगा। शासन से अनुमति मिलने के बाद नीतियों में आवश्यक संशोधन किए जाएंगे ताकि आवंटन की प्रक्रिया सरल और पारदर्शी हो सके।

IT

इस पहल से न केवल निवेश बढ़ेगा, बल्कि स्थानीय युवाओं के लिए रोजगार के हजारों नए अवसर (Employment Opportunities) भी पैदा होंगे। ग्रेटर नोएडा प्राधिकरण की यह सक्रियता निवेशकों के बीच एक सकारात्मक संदेश दे रही है, जिससे आने वाले समय में यहाँ बड़ी टेक कंपनियों के आगमन की उम्मीद जग गई है।

हमारे दूसरे प्लेटफॉर्म्स से जुड़ें…..

Related posts

Leave a Comment