Table of Contents
Toggleग्रेटर नोएडा प्राधिकरण का सख्त रुख: Illegal अवैध कूड़ा फेंकने वालों पर लाखों का जुर्माना
ग्रेटर नोएडा, 4 सितंबर 2025 –
स्वच्छ ग्रेटर नोएडा के अभियान को मजबूत करते हुए, ग्रेटर नोएडा प्राधिकरण ने Illegal अवैध रूप से कूड़ा डालने वालों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की है। प्राधिकरण के स्वास्थ्य विभाग की क्विक रिस्पांस टीम (QRT) ने दो ट्रैक्टर-ट्रॉलियों को कूड़ा डालते हुए पकड़ा और उन पर कुल एक लाख रुपये का भारी जुर्माना लगाया। यह कार्रवाई दर्शाती है कि प्राधिकरण शहर की स्वच्छता और पर्यावरण को लेकर कितना गंभीर है।

दो ट्रैक्टर-ट्रॉलियां जब्त, एक लाख का जुर्माना
पहली घटना राइज पुलिस चौकी के पास हुई, जहाँ क्यूआरटी टीम ने एक ट्रैक्टर-ट्रॉली को सर्विस रोड पर Illegal अवैध रूप से वेस्ट डालते हुए रंगे हाथों पकड़ लिया। टीम ने तत्काल कार्रवाई करते हुए ट्रैक्टर-ट्रॉली को जब्त कर लिया और उस पर 50,000 रुपये का जुर्माना लगाया।
दूसरी घटना कुछ ही समय बाद जलपुरा के पास हुई, जहाँ एक और ट्रैक्टर-ट्रॉली को कूड़ा गिराते हुए पकड़ा गया। इस पर भी तुरंत कार्रवाई करते हुए इसे जब्त कर लिया गया और 50,000 रुपये का जुर्माना लगाया गया। इस प्रकार, कुल दो ट्रैक्टर-ट्रॉलियों को पकड़ा गया और उन पर एक लाख रुपये का सामूहिक जुर्माना लगाया गया।
प्राधिकरण ने स्पष्ट कर दिया है कि इन वाहनों को तभी छोड़ा जाएगा जब उनके मालिक जुर्माने की राशि का भुगतान करेंगे। यह कदम यह सुनिश्चित करने के लिए उठाया गया है कि भविष्य में कोई भी इस तरह की गैर-जिम्मेदाराना हरकत न करे।

प्राधिकरण का कड़ा संदेश: ‘किसी को बख्शा नहीं जाएगा’
प्राधिकरण के महाप्रबंधक (स्वास्थ्य), आर.के. भारती, ने एक कड़ा संदेश जारी करते हुए कहा है कि जो भी व्यक्ति या संस्था इधर-उधर कूड़ा डालते हुए पकड़ी जाएगी, उस पर कठोर जुर्माना लगाया जाएगा और किसी को भी बख्शा नहीं जाएगा। उनका यह बयान यह दर्शाता है कि ग्रेटर नोएडा को स्वच्छ रखने के लिए प्राधिकरण पूरी तरह से प्रतिबद्ध है।
Illegal अवैध रूप से कूड़ा डालना न केवल शहर की सुंदरता को खराब करता है, बल्कि यह पर्यावरण और सार्वजनिक स्वास्थ्य के लिए भी एक गंभीर खतरा है। इससे नालियां जाम हो जाती हैं, बीमारियों का खतरा बढ़ता है और वायु प्रदूषण भी होता है। इस तरह की कार्रवाई यह सुनिश्चित करती है कि शहर के निवासी और बाहरी लोग भी स्वच्छता नियमों का पालन करें।

यह कार्रवाई ग्रेटर नोएडा प्राधिकरण के चल रहे स्वच्छता अभियान का एक हिस्सा है, जिसमें शहर को कचरा मुक्त बनाने और सार्वजनिक स्थानों को साफ-सुथरा रखने पर जोर दिया जा रहा है। प्राधिकरण लोगों से भी अपील करता है कि वे कूड़ा निर्धारित स्थानों पर ही डालें और पर्यावरण को स्वच्छ रखने में सहयोग करें।
इस तरह की सख्त कार्रवाई से उम्मीद है कि Illegal अवैध रूप से कूड़ा फेंकने की प्रथा पर लगाम लगेगी और ग्रेटर नोएडा देश के सबसे स्वच्छ शहरों में से एक बन पाएगा।

